ग्वालियर शहर में गौवंश में लंपी वायरस के निराकरण के लिये निरंतर कार्य किया जा रहा है। ग्राम रतवाई की गौशाला में पशु चिकित्सा विभाग द्वारा आइसोलेशन सेंटर स्थापित कर चिकित्सकों की देखरेख में पीड़ित गौवंश का उपचार करने के साथ-साथ टीकाकरण का कार्य भी किया जा रहा है। बीमार गायों का समुचित उपचार और बेहतर देखभाल हो, इसके लिये पुख्ता प्रबंध किए गए हैं। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत ने शुक्रवार को ग्राम रतवाई गौशाला पहुँचकर आइसोलेशन सेंटर का अवलोकन किया और विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत ने गौशाला में बीमार पशुधन के उपचार के लिये कार्य कर रहे चिकित्सकों से कहा है कि पीड़ित पशुधन का उपचार व देखभाल अच्छे से किया जाए ताकि गौवंश को शीघ्र लाभ हो सके। उन्होंने यह भी निर्देशित किया है कि आइसोलेशन सेंटर में उपचाररत गौवंश के खाने-पीने की भी पुख्ता व्यवस्था रखी जाए। आइसोलेशन सेंटर के साथ ही शहर में घूम रहे पशुधन का टीकाकरण विभाग अभियान के रूप में करे। नगर निगम के माध्यम से भी शहर से पीड़ित पशुओं को सेंटर तक पहुँचाने और उसके उपचार की व्यवस्था की जाए। सेंटर पर तैनात सभी चिकित्सक पूरी मुस्तैदी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें।
“लंपी से पीड़ित गाय के बच्चों को पिला रहे दवा”
ग्वालियर में गायों में फैले लंपी वायरस की रोकथाम के लिए नगर निगम के मदाखलत विभाग द्वारा बछडें एवं बछियाओं को दवाई पिलाई जा रही है। दवा पिलाने के बाद इन्हें रतवाई स्थित गायों के आइसोलेशन सेंटर में भेजा जा रहा है। नगर निगम द्वारा लंपी वायरस से पीड़ित गायों को आइसोलेशन सेंटर में अलग रखे जाने से वर्तमान समय में अब वायरस का प्रकोप काफी कम हो चुका है।
गायों में कुछ सप्ताह से लंपी वायरस फैल रहा था। लंपी वायरस से पीडित गायों एवं बछडों को रतवाई स्थित गौशाला में बनाए आइसोलेशन सेंटर में रखा जा रहा है। लंपी वायरस से पीडित गायों की सूचना देने के लिए नगर निगम आयुक्त अभिषेक चौधरी के निर्देश पर 07512438358 एवं 7089003178 हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए हैं। इसके साथ ही बीमार गायों को आइसोलेशन सेंटर तक पहुंचने के लिए 7 वाहन भी चलाए जा रहे हैं। इसके साथ ही मदाखलत अमले को निर्देश दिए हैं। साथ ही कहा है कि जो बछडे़ एवं बछियाएं लंपी वायरस से पीड़ित हैं, अथवा जो पीड़ित नहीं हैं, उन्हें दवाई पिलाई जाए। इस निर्देश के पालन में मदाखलत अमले द्वारा छोटी बछियाओं एवं बछडों को लंपी वायरस की ड्राप पिलाई जा रही है। ड्रॉप पिलाने के बाद जिन बछडों एवं बछियाओं में लंपी वायरस की समस्या नहीं दिख रही हैं उन्हें आदर्श गौशाला ले जाया जा रहा है, जबकि जिनमें लंपी वायरस के लक्षण दिख रहे हैं, उन्हें रतवाई गौशाला ले जाया जा रहा है।
