अटल बिहारी जी एक व्यक्ति नहीं, एक युग थे, उनकी संवेदनशीलता और राष्ट्रवाद सदैव प्रेरणा देते रहेंगे अटल जी ने सिखाया कितनी भी ऊंचाइयों पर पहुंचें, अपनी जड़ों और अतीत को कभी नहीं भूलें; खण्डेलवालखण्डेलवाल
भोपाल। मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल एवं प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह ने रविवार को भारत रत्न एवं पूर्व पीएम श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि के अवसर पर प्रोफेसर कॉलोनी के साईं मंदिर स्थित उनकी प्रतिमा का अनावरण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि अटल जी की संवेदना ने गांव की पीड़ा को समझा और फिर पीएम ग्राम सड़क योजना ने देश की तकदीर को बदल दिया। कार्यकर्ताओं को पद के पीछे नहीं, अपने गुणों के कारण कद बड़ा करने और पार्टी का विस्तार करने के लक्ष्य से काम करना चाहिए। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष व विधायक हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि श्रद्धेय अटल बिहारी बाजपेयी जी एक व्यक्ति नहीं, एक युग के समान थे, अटल जी ने सिखाया कितनी भी ऊंचाइयों पर पहुंचें, अपनी जड़ों को कभी नहीं भूलें। उनकी सोचने की क्षमता, आत्मीय व्यवहार, वाणी में ओज, कविता में संवेदनशीलता और राजनीति में राष्ट्र सर्वोपरि था। उनकी प्रतिमा आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देती रहेगी। भाजपा प्रदेश प्रभारी डॉ. महेंद्र सिंह ने कहा कि अटल जी का जीवन राष्ट्रसेवा, संकल्प और सुशासन की प्रेरणा का प्रतीक है। अटल जी तीन बार देश के प्रधानमंत्री बने और उनके तीनों कार्यकाल राष्ट्र निर्माण के लिए ऐतिहासिक रहे। अटल जी के विचार और राष्ट्र प्रथम की भावना सदैव हमारा मार्गदर्शन करती रहेगी। कार्यक्रम को विधायक भगवानदास सवनानी ने भी संबोधित किया।
अटल जी की दूरदृष्टि ने गांवों से लेकर पूरे देश की तस्वीर बदली : तोमर
मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि हमें पद के पीछे नहीं भागना चाहिए। हमारे गुणों के कारण हमारा कद बड़ा हो और उन्हीं गुणों के माध्यम से पार्टी का विस्तार हो, कार्यकर्ता को इसी लक्ष्य के साथ काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी जी की उपलब्धियां केवल उनके प्रधानमंत्री बनने का परिणाम नहीं थीं, बल्कि उनके पीछे वर्षों की तपस्या, दूरदृष्टि, संवेदना और सामान्य व्यक्ति के प्रति गहरी चिंता थी। तोमर ने कहा कि अटल जी ने देश के लगभग छह लाख गांवों को सड़कों से जोड़ने का सपना देखा। उन्होंने गांवों की वास्तविक समस्याओं को करीब से महसूस किया था। सड़क के अभाव में किसान और ग्रामीण अपना दूध व अन्य चीजें बेहद कम कीमत पर बेचने को मजबूर होते थे। अटल जी ने समझा कि यदि गांव सड़क से जुड़ेंगे तो किसान का उत्पाद बाजार तक पहुंचेगा और उसकी आय बढ़ेगी। इसी सोच से पीएम ग्राम सड़क योजना का जन्म हुआ, जिसने पूरे देश के ग्रामीण परिवेश की तस्वीर बदल दी। उन्होंने कहा कि अटल जी का विचार था कि विकास का काम वहां से शुरू होना चाहिए, जहां हमें समर्थन नहीं मिला है। ऐसा करने से विकास के साथ संगठन का विस्तार भी वहां तक पहुंचेगा। आज प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की सफलता अटल जी की इसी दूरदृष्टि और जनसंवेदनशील सोच का परिणाम है।
पोखरण परीक्षण भारत माता के हित में लिया गया साहसिक निर्णय था
मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि पोखरण परमाणु परीक्षण न तो भाजपा के हित में था और न ही अटल बिहारी वाजपेयी जी के व्यक्तिगत हित में। यह निर्णय भारत माता और राष्ट्रहित में लिया गया साहसिक निर्णय था। अटल जी ने दृढ़ इच्छाशक्ति के साथ इसे क्रियान्वित किया। उन्होंने कहा पोखरण परमाणु परीक्षण की जानकारी बेहद गोपनीय रखी गई और दुनिया को इसकी जानकारी तब मिली, जब अटल जी ने स्वयं घोषणा की कि भारत ने परमाणु परीक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। यह उनकी कार्यकुशलता, दृढ़ नेतृत्व और प्रशासनिक दक्षता का प्रमाण था। उन्होंने कहा कि अटल जी मानते थे कि व्यक्ति की पहचान उसके पद या सिंहासन से नहीं, बल्कि उसके मन और उसके विचारों से होती है। वे पुराने कार्यकर्ताओं को पार्टी की बुनियाद मानते थे और कहते थे कि कोई भी पुराना कार्यकर्ता पार्टी से टूटना नहीं चाहिए, क्योंकि मजबूत बुनियाद के बिना संगठन मजबूत नहीं हो सकता। करोड़ों कार्यकर्ताओं ने अटल जी की इस भावना को अपना मंत्र बनाया और उसी का परिणाम है कि संगठन का वह पौधा आज दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी के रूप में विशाल वृक्ष बन चुका है।
