ग्वालियर। मध्यप्रदेश शासन द्वारा नागरिकों की आवश्यकताओं का समग्र आकलन कर उन्हें शासकीय योजनाओं से जोड़ने के लिए Holistic Assessment of Requirement for Support and Handholding (HARSH) पोर्टल विकसित किया गया है। यह एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म है जो डेटा-आधारित एवं वैज्ञानिक पद्धति से कार्य करेगा। सहायक श्रम आयुक्त नम्रता सोनी ने बताया कि शासन द्वारा विभिन्न विभागों के माध्यम से अनेक जन-कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इसके उपरांत भी सही जानकारी के अभाव में पात्र नागरिक कई बार लाभ से वंचित रह जाते हैं। अलग-अलग पोर्टल्स एवं जटिल प्रक्रिया के कारण उत्पन्न कठिनाई को दूर करने हेतु 'HARSH पोर्टल' एक समाधान कारक पहल है, जो योजनाओं तक पहुंच को आसान एवं पारदर्शी बनाएगा।
"HARSH पोर्टल" के प्रमुख उद्देश्य इस प्रकार हैं
1. पात्र नागरिकों की सटीक पहचान कर योजनाओं का लक्षित एवं प्रभावी वितरण सुनिश्चित करना।
2. रोजगार, कौशल विकास एवं शिक्षा के अवसरों में वृद्धि करना।
3. नागरिकों के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तीकरण को बढ़ावा देना।
4. विभिन्न विभागों की योजनाओं का एकीकृत डेटाबेस तैयार करना ताकि "सही व्यक्ति तक सही योजना" पहुंच सके।
नागरिकों से अपील है कि वे पोर्टल पर पंजीयन करें
पंजीयन प्रक्रिया:- जिले के समस्त नागरिकों से अपील है कि वे https://harsh.mp.gov.in/ पोर्टल पर जाकर "Registration" लिंक पर क्लिक करें। समग्र आईडी एवं मोबाइल ओटीपी सत्यापन के पश्चात पंजीयन पूर्ण किया जा सकता है। पंजीयन के उपरांत नागरिक अपनी व्यक्तिगत जानकारी, आय, शिक्षा एवं कौशल संबंधी विवरण दर्ज करेंगे। दर्ज की गई जानकारी के आधार पर पोर्टल स्वचालित रूप से पात्रता के अनुसार शासन के विभिन्न विभागों की योजनाओं का सुझाव उपलब्ध कराएगा।
जिले के सभी ग्राम पंचायत सचिवों, रोजगार सहायकों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सीएससी संचालकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे नागरिकों को "HARSH पोर्टल" के संबंध में जागरूक करें तथा पंजीयन में सहयोग प्रदान करें। ग्राम स्तर पर आयोजित होने वाले शिविरों एवं रात्रि चौपाल में भी इस पोर्टल के संबंध में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।जाए।
