ग्वालियर। नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय ने संपत्ति कर वसूली की समीक्षा कर लक्ष्य के अनुरूप सम्पत्तिकर वसूली न होने एवं संपत्ति कर वसूली की धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त की तथा बडे बकायेदारों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। बैठक में अपर आयुक्त टी प्रतीक राव, मुनीश सिकरवार, उपायुक्त प्रदीप श्रीवास्तव, उत्तम जखेनिया एवं रजनीश गुप्ता सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
निगम मुख्यालय में आयोजित बैठक में नगर निगमायुक्त संघ प्रिय ने संपत्ति कर वसूली की समीक्षा की तथा लक्ष्य के अनुरूप वसूली न होने पर संबंधित अधिकारियों पर नाराजगी जताई एवं संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी क्षेत्राधिकारी सम्पत्तिकर जमा कराने में सहयोग करें , साथ ही जिन बडे सम्पत्तिकर दाताओं ने नेशनल लोक अदालत में संपत्ति कर जमा नहीं किया है, उन्हें नोटिस जारी करें।
इसके साथ ही संपत्ति कर वसूली कम होने पर दक्षिण विधानसभा के उपायुक्त एवं तीन आरआई का एक दिवस का वेतन काटते हुए नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही लक्ष्य के अनुरूप वसूली में प्रगति न लाने वाले वार्ड क्र.-2, 8, 17 35,37, 38, 43, 47 के करसंग्रकों को आरोप पत्र एवं वार्ड क्र.- 21, 22, 23, 25 , 40, 46, 51,56 के कर संग्राहकों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में ग्रामीण विधानसभा में लोक अदालत में लक्ष्य अनुरूप वसूली नहीं होने पर नाराजगी व्यक्त की गई। इसके साथ ही सम्पत्तिकर उपायुक्तों को निर्देशित किया कि बड़े बकायेदार जिनके द्वारा संपत्ति कर जमा नहीं किया जा रहा उन्हें चिन्हित कर प्रतिदिन 10 बडे बकायेदारों पर कार्रवाई करें। साथ ही सभी को मार्च अंत तक हर हाल में लक्ष्य के अनुरूप वसूली करने के निर्देश दिए।
समय सीमा बैठक में विभागीय कार्यों की समीक्षा,; निगमायुक्त ने आवश्यक दिशा निर्देश दिए
सीएम हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों का 85 प्रतिशत निराकरण हर हाल में महीने की 15 तारीख तक हो जाना चाहिए। इसके साथ ही शिकायतों का निराकरण समय सीमा में नहीं करने पर संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय ने समय सीमा बैठक में दिए। बैठक में अपर आयुक्त टी प्रतीक राव, अपर आयुक्त वित्त रजनी शुक्ला सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
सिटी सेंटर स्थित निगम मुख्यालय में हुई टाइम लिमिट बैठक में निगमायुक्त संघ प्रिय ने सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों की समीक्षा करते हुए नाराजगी जताते हुए कहा कि नोटिस के बाद भी कई अधिकारी सीएम हेल्प लाइन को गंभीरता से नहीं ले रहे है तो ऐसे सभी अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही राजस्व की समीक्षा के दौरान सीएम हेल्पलाइन पर शिकायतें अधिक रहने पर उपायुक्त उत्तम जखैनिया को सूचना पत्र जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही भवन अनुज्ञा एवं स्थाई अतिक्रमण की शिकायतों को लेकर सिटी प्लानर महेन्द्र अग्रवाल को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही सिविल कार्य में आने वाली शिकायतें अधिक रहने पर एवं समय पर निराकरण नहीं करने पर दोनो कार्यपालन यंत्री को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी क्षेत्रीय अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए।
बैठक में शहर की स्वच्छता से संबंधित शिकायतों का निराकरण नहीं करने पर मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वैभव श्रीवास्तव को चेतावनी पत्र जारी करने के निर्देश दिए। इसके साथ शिकायतों को अटेंड नहीं करने पर नाराजगी व्यक्त की तथा स्वास्थ्य अधिकारी भीष्म कुमार पमनानी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही सीवर एवं दूषित पेयजल से संबंधित आने वाली शिकायतों का समय सीमा में निराकरण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
बैठक में ई-ऑफिस से कार्य करने की प्रगति भी जानी गई तथा निर्देशित किया सभी अधिकारी ई-ऑफिस के तहत ही फाइलों को चलायें।
बैठक में संबंधित अधिकारी को निर्देशित किया एलीवेटेड रोड के निर्माण से कितने सीवर चैम्बर खराब हुए हैं, उनकी सूची बनाकर ठीक करायें। इसके साथ ही जनगणना के कार्यों की समीक्षा के साथ संबंधित को निर्देशित किया तय समय पर मकानों की नम्बरिंग का कार्य करें।
बैठक में जनकार्य विभाग को निर्देशित किया कि जिन मुख्य मार्गों के वर्क ऑर्डर हो चुके है, उनका कार्य शीघ्र प्रारंभ करायें। साथ ही निर्देशित किया स्वच्छता सर्वेक्षण आने वाला है, सभी संबंधित अधिकारी क्षेत्र में भ्रमण कर साफ सफाई देखें। इसके साथ ही शहर के सभी नाले नालियों की सफाई के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। साथ ही निर्देशित किया कि गर्मी का मौसम आ चुका है। शहर में कहां कहां प्याऊ लगाना है, उसके स्थान चिन्हित करें। बैठक में अन्य विभागीय कार्यों की समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
