अनुकम्पा नियुक्ति पर पात्र दोनों युवाओं को शासन के प्रावधानों के अनुसार तीन वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर नियुक्ति प्रदान की है , शासन की यह पहल दिवंगत शासकीय सेवकों के परिवारों को संबल देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है
ग्वालियर। परिवार के किसी सदस्य को खोने का दुःख जीवन की सबसे कठिन परिस्थितियों में से एक होता है। ऐसे समय में परिवार को आर्थिक संबल और भविष्य के प्रति भरोसा देना संवेदनशील सरकार का दायित्व है। शासकीय सेवा के दौरान दिवंगत हुए ग्वालियर जिले के दो कर्मचारियों के पुत्रों को इसी भावना के अनुरूप सरकारी नौकरी अर्थात अनुकम्पा नियुक्ति प्रदान की गई है। इससे दोनों परिवारों को कठिन समय में सहारा मिला है। ग्वालियर जिले में अनुकम्पा नियुक्ति के प्रकरणों का तेजी से निराकरण किया जा रहा है। इसी कड़ी में कलेक्टर रुचिका चौहान ने मंगलवार को जोगेन्द्र कुशवाह और पुनीत मुदगल को सहायक वर्ग-3 के पद पर अनुकम्पा नियुक्ति के आदेश सौंपे। दोनों नियुक्तियां राज्य शासन के सामान्य प्रशासन विभाग के प्रावधानों के तहत जिला स्तरीय स्थापना समिति की अनुशंसा के आधार पर की गई हैं।
तहसील कार्यालय ग्वालियर में भृत्य के पद पर पदस्थ रहे महेन्द्र सिंह कुशवाह का गत अप्रैल माह में निधन हो गया था। उनके पुत्र जोगेन्द्र कुशवाह को तानसेन तहसील कार्यालय में सहायक वर्ग-3 के पद पर नियुक्ति प्रदान की गई है। इसी प्रकार तहसीलदार भू-संसाधन प्रबंधन कार्यालय, ग्वालियर में राजस्व निरीक्षक के पद पर कार्यरत रहे संतोष मुदगल का गत मई माह में निधन हो गया था। उनके पुत्र पुनीत मुदगल को तहसील कार्यालय पिछोर में सहायक वर्ग-3 के पद पर अनुकम्पा नियुक्ति दी गई है। दोनों युवाओं को शासन के प्रावधानों के अनुसार तीन वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर नियुक्ति प्रदान की गई है। अनुकम्पा नियुक्ति के आदेश प्राप्त होने पर दोनों अभ्यर्थियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के प्रति आभार व्यक्त किया। शासन की यह पहल दिवंगत शासकीय सेवकों के परिवारों को संबल देने और उनके भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई में 127 आमजनों की समस्याओं की हुई सुनवाई, मदद की आस में पहुँचे लोगों को सहायता उपलब्ध कराई गई
ग्वालियर कलेक्ट्रेट में मंगलवार को हुई जन-सुनवाई में 127 आमजनों की समस्यायें सुनी गईं। कलेक्टर रुचिका चौहान, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत, अपर कलेक्टर सीबी प्रसाद व अनिल बनवारिया सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने एक – एक कर सभी आवेदकों की समस्यायें सुनीं और उनके आवेदनों के निराकरण की रूपरेखा तय की। कलेक्ट्रेट की जन-सुनवाई में मदद की उम्मीद लेकर पहुँचे लोगों को सहायता उपलब्ध कराई गई। जन-सुनवाई में राजस्व, नगर निगम, बिजली, पुलिस इत्यादि से संबंधित समस्यायें प्राप्त हुईं।
जमीन संबंधी समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश सभी एसडीएम व तहसीलदारों को दिए हैं। नगर निगम क्षेत्र की बुनियादी सुविधाओं से संबंधित समस्याओं को तत्परता से निराकृत करने की हिदायत भी निगम के अधिकारियों को दी। जनसुनवाई में मदद की आस में पहुँचे जरूरतमंदों के नि:शुल्क इलाज का इंतजाम भी कराया गया। जन-सुनवाई में कुल 127 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 86 आवेदन दर्ज किए गए। साथ ही शेष 41 आवेदन विभागीय अधिकारियों को समय-सीमा में निराकृत करने के लिये आवश्यक टीप के साथ दिए गए।
