ग्वालियर। आवासीय योजनाओं, खेल मैदान, मंडी एवं अन्य शासकीय प्रयोजन के लिये जमीन आवंटन की कार्यवाही सरकार की मंशा के अनुरूप जल्द से जल्द पूर्ण करें। सभी एसडीएम इस काम को गंभीरता से अंजाम दें। यह निर्देश कलेक्टर रुचिका चौहान ने अंतरविभागीय समन्वय बैठक में दिए। उन्होंने नगर निगम, अधोसंरचना विकास निगम (हाउसिंग बोर्ड) एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि शासकीय प्रयोजन के लिये जमीन आवंटन के प्रस्ताव के साथ कार्य की स्वीकृति व प्रोजेक्ट रिपोर्ट भी संलग्न करें, जिससे जल्द से जल्द जमीन आवंटित की जा सके।
सोमवार को कलेक्ट्रेट के सभागार में हुई बैठक में “संकल्प से समाधान”, सीएम हैल्पलाइन, स्वामित्व योजना, आंगनबाड़ी में बच्चों का पंजीयन एवं पोषण ट्रैकर व शिक्षा मित्र योजना सहित सरकार के प्राथमिकता वाले अन्य कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। बैठक में अपर कलेक्टर कुमार सत्यम, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत व अपर जिला दण्डाधिकारी सीबी प्रसाद सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं जिले के एसडीएम मौजूद थे।
आंगनबाड़ियों में बच्चों के पंजीयन के लिये चलेगा विशेष अभियान
कलेक्टर रुचिका चौहान ने शासन के दिशा-निर्देशों के तहत 3 से 6 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को आंगनबाड़ी में पंजीकृत करने के लिये तीन दिवसीय विशेष अभियान चलाने के निर्देश बैठक में दिए। उन्होंने जिला पंचायत की सीईओ एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी से कहा कि सुनियोजित कार्ययोजना बनाकर इस कार्य को अंजाम दें। खासतौर पर जिले में चल रहे बड़े-बड़े निर्माण कार्यों में कार्यरत श्रमिकों के बच्चे, रेलवे स्टेशन, बस स्टेण्ड व रैन बसेरा इत्यादि में आश्रय लेने वाले बच्चों को आंगनबाड़ी की सुविधायें दिलाने पर विशेष जोर दिया। श्रम अधिकारी को भी इस कार्य में सहयोग के निर्देश दिए। महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा के दौरान गिर्द परियोजना में विभागीय योजनाओं की प्रगति ठीक न पाए जाने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। उन्होंने यहां के सीडीपीओ के खिलाफ कार्रवाई करने के लिये शासन को लिखने के निर्देश दिए।
“संकल्प से समाधान” के शिविरों को और प्रभावी बनाएं
कलेक्टर रुचिका चौहान ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि संकल्प से समाधान अभियान के तहत आयोजित हो रहे शिविरों को और प्रभावी बनाएं। उन्होंने कहा कि शिविर में प्राप्त आवेदनों व निराकरण का ब्यौरा प्रतिदिन पोर्टल पर अपलोड करें। साथ ही शिविरों के फोटोग्राफ भी साझा किए जाएं।
शिकायतों को बेवजह दूसरे विभाग को अंतरित न करें
कलेक्टर ने बैठक में स्पष्ट किया कि सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों को एक – दूसरे पर टालने अर्थात बिना वजह दूसरे विभाग को शिकायत अंतरित की प्रवृत्ति पर सख्त कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि जो भी एल-1 अधिकारी ऐसा करेंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने शिकायतों के निराकरण के प्रति उदासीन फर्म्स एण्ड सोसायटी के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई प्रस्तावित करने के निर्देश भी बैठक में दिए।दिए।
