
ग्वालियर। जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिले में कलेक्टर रुचिका चौहान द्वारा अभिनव पहल की गई है। गर्भवती माताओं में एनीमिया अर्थात खून की कमी दूर करने के लिये उन्होंने यह पहल की है। जिसके तहत जिले में गर्भवती माताओं को आयरन टेबलेट के साथ लोहे की कढ़ाही उपलब्ध कराई जा रही हैं। कलेक्टर चौहान ने मंगलवार को थाटीपुर सिविल डिस्पेंसरी में हाईरिस्क गर्भवती माताओं को ब्रिटानिया फाउण्डेशन के सहयोग से लोहे की कढ़ाही सौंपी। चिकित्सकों के अनुसार लोहे की कढ़ाही में बनी सब्जी का सेवन करने से गर्भवती माताओं को स्वाभाविक रूप से आयरन प्राप्त हो जाता है, इससे खून की कमी दूर होती है।
कलेक्टर की पहल पर ब्रिटानिया फाउण्डेशन ने प्रथम चरण में सीएसआर मद से जिले के विकासखंड भितरवार, डबरा व थाटीपुर क्षेत्र की हाईरिस्क सीवियर एनीमिक महिलाओं को कढ़ाही उपलब्ध कराई हैं। इनका वितरण भी शुरू कर दिया है।
सिविल डिस्पेंसरी थाटीपुर में लोहे की कढ़ाही वितरण के दौरान कलेक्टर रुचिका चौहान ने गर्भवती माताओं से कहा कि वे गेहूँ के स्थान पर रागी की रोटी बनाएं। इसकी रोटी खाने से आयरन के साथ कई पोषक तत्व प्राप्त होते हैं। साथ ही कहा कि जो लोहे की कढ़ाही आज उपलब्ध कराई है अब उसी में सब्जी बनाकर खाएं और साफ-सफाई का ध्यान रखें।
कलेक्टर ने इस दौरान सिविल हॉस्पिटल थाटीपुर में हाई रिस्क क्लीनिक का निरीक्षण किया । साथ ही गर्भवती माताओं की जांच प्रक्रिया सहित अन्य व्यवस्थाएं देखी। उन्होंने इस दौरान अपना स्वागत न कराकर गर्भवती माताओं को लेकर आईं आशा कार्यकर्ताओं का पुष्प-मालाओं से स्वागत किया।
इस मौके पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ सचिन श्रीवास्तव, ब्रिटानिया फाउंडेशन से नीरज पाठक व जितेंद्र पाटीदार, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. दीपाली माथुर, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ गुप्ता, डॉ. प्रबल प्रताप सिंह व डीपीएम विजय भार्गव, एपीएम धर्मेंद्र राणा एवं सिविल हॉस्पिटल थाटीपुर की प्रभारी चिकित्सक स्वेच्छा दंडोतिया उपस्थित थीं।